मामला 17 अगस्त को उजागर हुआ था, जब गोविंद मसुरे ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि जब्बार खान और उसकी पत्नी ताहिरा खान ने धर्मांतरण के लिए दबाव और प्रलोभन दिया। पुलिस ने जब्बार खान को गिरफ्तार किया और नगर पालिका ने नोटिस के बाद अवैध निर्माण पर बुलडोजर चला दिया।
सीहोर जिला मुख्यालय पर सोमवार को पहली बार धर्मांतरण से जुड़े मामले में प्रशासनिक एक्शन हुआ। नगर पालिका ने मुख्य आरोपी जब्बार खान के हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी स्थित मकान के अवैध हिस्से को ध्वस्त कर दिया। कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल मौजूद रहा, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति न बने। यह पूरा मामला 17 अगस्त को सामने आया था, जब गोविंद मसुरे नामक व्यक्ति ने थाने में शिकायत दर्ज कराई। उसने आरोप लगाया कि जब्बार खान और उसकी पत्नी ताहिरा खान ने उसे धर्मांतरण के लिए दबाव डाला और प्रलोभन भी दिया। इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने दोनों के खिलाफ मध्य प्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम 2021 की धारा 3/5 के तहत मामला दर्ज किया।पुलिस की त्वरित कार्रवाईशिकायत के बाद पुलिस अधीक्षक दीपक शुक्ला और नगर निरीक्षक अभिनंदना शर्मा के निर्देश पर विशेष टीम बनाई गई। मुखबिर की सूचना पर जब्बार खान को उसके घर से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के समय वह कथित रूप से बाइबिल हाथ में लिए प्रार्थना कर रहा था। इस पूरे मामले में कोतवाली थाने के आरक्षक वीरेंद्र अहिरवार की लापरवाही सामने आई, जिस पर उसे निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी गई।

